खेल

खेल के मैदान से जीवन जीने का जज्बा भी सीखे युवा – आईजी

बिलासपुर/ खेल के मैदान से जीतने का जज्बा ही नहीं, जीवन में जीने का जज्बा भी मिलता है. यह मैदान जीवन में किस तरह सफल होना है यह भी सीखाता है . खेल में जीत हार महत्वपूर्ण नहीं है,मैदान में उतरकर खेलना महत्वपूर्ण है । इसलिए विद्यार्थियों को खेल में शामिल जरूर होना चाहिए. उक्त बातें डॉ. सी वी रमन विश्वविद्यालय में वार्षिक खेलकूद उत्सव के समापन अवसर पर बिलासपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक डॉ. संजीव शुक्ला ने कही। उन्होनें खिलाड़ियों से कहा कि सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता , और योग्यता का कोई विकल्प नहीं होता. इसलिए कठिन रास्ते से चलते हुए योग्यता से ही मंजिल को पाना होगा .विष्वविद्यालय में 11 दिसंबर से 17 दिसंबर तक वार्षिक खेलकूद उत्सव आयोजित किया गया। .इस दौरान क्रिकेट, कबड्डी, वॉलीबॉल, खो खो, लंबी कूद , ऊंची कूद, भाला फेंक, तवा फेक, सहित एथलेटिक हुए। जिसमें विजयी प्रतिभागियों को अतिथियों ने पुरस्कार प्रदान किया।कार्यक्रम में उपस्थित विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर रवि प्रकाश दुबे ने कहा कि युवाओं के खेल उतना ही जरूरी है, जितना की शिक्षा जरूरी है। उन्होने कहा कि खेल से युवाओं में नेतृत्व क्षमता, अनुशासन, सामंजस्यता, सहयोग जैसे गुणों को विकास होता है। खेल एक तपस्या कि तरह है, जिससे जीवन श्रेष्ठ  बनता है, युवा खेल में बड़ा कैरियर बना सकते हैं. इस अवसर पर उपस्थित विवि के मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ.अविजित रायजादा ने कहा कि चिकित्सक होने नाते यह कहना चाहता हूं, कि लंबे स्वस्थ और खुशी के साथ जीवन के लिए खेल बहुत आवश्यक है। खेल से शारीरिक एवं मानसिक विकास होता है। छत्तीसगढ़ में कबड्डी, मलखंभ, जैस खोलों को बढ़ावा देने की जरूरत है।  कार्यक्रम में उपस्थित विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. अरविंद तिवारी ने कहा कि विद्यार्थियों के लिए खेल को लेकर संपूर्ण सुविधा विश्वविद्यालय में हैं इसका लाभ दुरुस्त ग्रामीण अंचल वनांचल से यहां तक आने वाले के विद्यार्थियों को मिल रहा है. इसका परिणाम यह है कि महिला कबड्डी में विश्वविद्यालय ने इंटर यूनिवर्सिटी नेशनल, क्वालीफाई किया है . इसके साथ-साथ आर्चरी ,एथलेटिक्स, कबड्डी, योग ,तैराकी में भी विद्यार्थियों को स्वर्णिम सफलता मिली है .छत्तीसगढ़ में जन्मे स्टैंड बाल एवं भारतीय पुरातन खेल मलखंब को भी प्रोत्साहित किया जा रहा है. कार्यक्रम का संचालन उद्घोशिका डॉ.सृष्टि शर्मा  ने किया।  इस अवसर पर, सम कुलपति डॉक्टर जयति चटर्जी, डॉ भावना रायजादा, शारीरिक शिक्षा विभाग से डॉ जय शंकर यादव , डॉक्टर बी जॉन, डॉ गणेश खांडेकर,डॉ ब्रम्हेष श्रीवास्तव, मनीष मुखर्जी, प्रतीक सिंह ,तारिणी वर्मा ,सहित बड़ी संख्या में खिलाड़ी विद्यार्थी प्राध्यापक एवं अधिकारी कर्मचारी उपस्थित थे.

इन्होंने जीता पुरस्कार

क्रिकेट- कला संकाय
बॉलीबॉल पु.-साइंस
बॉलीबॉल म.-शिक्षा एवं शारीरिक शिक्षा
खोखो पु.- शिक्षा एवं शारीरिक शिक्षा
खोखो म- साइंस
कबड्डी पु.- शिक्षा एवं शारीरिक शिक्षा
कबड्डी म- साइंस
फुटबॉल- शिक्षा एवं शारीरिक शिक्षा
टेबल टेनिस पु- शिक्षा एवं शारीरिक शिक्षा
लॉन टेनिस पु- शिक्षा एवं शारीरिक शिक्षा
कैरम पु.- इंजीनियरिंग
कैरम म.-फार्मेसी
शतरंज पु-प्रबंधन
शतरंज म- शिक्षा एवं शारीरिक शिक्षा
एथिलेटिक-
गोला फेंक पु-सिकंदर सिंह
गोला फेंक म.-अंजु ध्रुव
तवाफेक पु.-योगेष यादव
लंबी कूद पु.-योगष साठिया
लंबी कूद म.-सनम नेताम
दौड.100 मी. पु.-सिकंदर सिंह
दौड़ 100 मी. म.-सनम नेताम

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
Breaking